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मटर के दाने होते तो बहुत छोटे हैं मगर पौष्टिक के मामले में ये बहुत आगे हैं। इनमे Vitamins A and C, आयरन, प्रोटीन, and कैल्शियम भरपुरी में होता है। मटर में मौजूद Vitamins A और C बच्चे को स्वस्थ रखने में मदद करता है, आयरन बच्चे में नया खून बनाने में योगदान देता है, प्रोटीन से बच्चे की मासपेशियां बनती है और कैल्शियम बच्चे की हाड़ियोँ को मजबूती देता है। मटर की प्यूरी मैं मौजूद मटर के छिलके अगर आप के बच्चे को पसंद न आये तो मटर की प्यूरी बनाने से पहले मटर के छिलके निकल दें। इससे मटर की प्यूरी भी बहुत बारीक़ बनेगी।
हरे मटर की प्यूरी से सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारी
- बच्चे का उम्र: 6 माह से ऊपर के बच्चों के लिए
- पौष्टिक तत्त्व: विटामिन्स A और C, आयरन, प्रोटीन, और कैल्शियम
- सावधानी बरतें: हरे मटर से बच्चे को गैस होने की सम्भावना रहती है। शुरू में कम दें और धीरे-धीरे इसकी मात्रा बढ़ाएं
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हरे मटर की प्यूरी बनाने की विधि - शिशु आहार
बच्चे की ठोस आहार की शुरुआत प्रारम्भ में केवल एक ही प्रकार के आनाज से करें। कोई भी आनाज पहली बार बच्चे को देते समय तीन दिवसीय नियम का पालन अवश्य करें। जब आप का बच्चा लग-भग सभी प्रकार के आनाज को चख चूका हो तब समझिये की वो अब त्यार है सब्जियों के प्यूरी के लिए।
शिशु आहार विशेषज्ञों के अनुसार बच्चे को सबसे पहले हरे सब्जियों की प्यूरी देनी चाहिए क्योँकि इनमे पिले और लाल रंग के सब्जियों की तुलना में कम मिठास होता है। अगर बच्चे को पहले ही ज्यादा स्वादिष्ट और मीठी सब्जियां दे-देंगे तो बाद में वो हरी सब्जियां खाने के लिए नखरे करेगा।
हरे मटर की प्यूरी खुद में ही बहुत स्वादिष्ट होती है। मगर आप स्वाद बढ़ाने के लिए इसमें और भी दुसरी सब्जियां मिला सकती हैं। आप इसमें दही भी मिला सकती हैं।
Step 1
मटर की प्यूरी बनाने के लिए आप चाहे तो हरे ताज़े मटर ले सकती हैं या frozen peas का भी इस्तेमाल कर सकती हैं। हरे ताज़े मटर खरीदते वक्त उजले हरे रंग के साबूत मटर चुने। टिन डब्बे में बंद मटर का इस्तेमाल न करें। उसमे मटर को preserve करने के लिया बहुत नमक का इस्तेमाल किया जाता है। ये बच्चे के लिए सही नहीं है।
Step 2
चाहे ताज़ा हरा मटर हो या frozen peas, प्यूरी बनाने से पहले उसे अच्छे से धो लें।
Step 3
मटर को एक डेकची में थोड़े पानी के साथ उबाल दें। जब मटर नरम पड़ जाये तब डेकची का पानी फेंक दें और ठंडी पानी से कई बार rinse कर दें। इससे मटर का पकना रुक जायेगा।
Step 4
उबले मटर को एक ब्लेंडर में डाल कर अच्छे से ब्लेंड कर दें। मटर की प्यूरी में आप चाहें तो आवश्यकता अनुसार पानी मिला दें।
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